NLM सुअर पालन योजना 2025 – सुअर पालन में करें कमाई, पाएं सरकारी सब्सिडी

भारत सरकार की राष्ट्रीय पशुधन मिशन (National Livestock Mission – NLM) के अंतर्गत चल रही सुअर पालन योजना 2025 ग्रामीण युवाओं, किसानों, महिलाओं और पशुपालकों के लिए एक शानदार अवसर है। इस योजना के अंतर्गत लाभार्थियों को सुअर पालन यूनिट स्थापित करने के लिए 25% से 50% तक की सरकारी सब्सिडी दी जाती है।

अगर आप कम लागत में एक लाभदायक पशुपालन व्यवसाय शुरू करना चाहते हैं, तो यह योजना आपके लिए है। आइए जानते हैं इस योजना की पूरी जानकारी।

योजना का उद्देश्य

भारत सरकार की राष्ट्रीय पशुधन मिशन (National Livestock Mission – NLM) के अंतर्गत चल रही सुअर पालन योज

  • ग्रामीण क्षेत्रों में आजीविका के अवसर पैदा करना

  • पोर्क मीट की मांग को पूरा करना

  • SC/ST, महिलाएं, और बेरोजगार युवाओं को आत्मनिर्भर बनाना

  • आधुनिक पिग फार्मिंग को बढ़ावा देना

  • छोटे किसानों और पशुपालकों की आय बढ़ाना

ना 2025 ग्रामीण युवाओं, किसानों, महिलाओं और पशुपालकों के लिए एक शानदार अवसर है। इस योजना के अंतर्गत लाभार्थियों को सुअर पालन यूनिट स्थापित करने के लिए 25% से 50% तक की सरकारी सब्सिडी दी जाती है।

अगर आप कम लागत में एक लाभदायक पशुपालन व्यवसाय शुरू करना चाहते हैं, तो यह योजना आपके लिए है। आइए जानते हैं इस योजना की पूरी जानकारी।

योजना की संरचना और संचालन

योजना का नामNLM सुअर पालन योजना 2025
प्रायोजकपशुपालन और डेयरी विभाग, कृषि मंत्रालय, भारत सरकार
योजना का प्रकारकेंद्र प्रायोजित योजना
सहायता का प्रकारसब्सिडी + प्रशिक्षण + बैंक ऋण सहायता
कार्यान्वयन एजेंसीराज्य पशुपालन विभाग, NLM यूनिट

सब्सिडी विवरण

भारत सरकार की राष्ट्रीय पशुधन मिशन (NLM) के अंतर्गत सुअर पालन व्यवसाय को बढ़ावा देने के लिए 50% तक की सब्सिडी प्रदान की जाती है। यह योजना विशेष रूप से किसानों, महिलाओं, FPOs, SHGs और युवाओं के लिए एक शानदार अवसर है।

PIG FARMING PROJECT DETAILS
🐖 Project – 1 : 50+5 PIGS
विवरण जानकारी

विवरणजानकारी
यूनिट साइज़50 मादा + 5 नर सूअर
कुल परियोजना लागत₹30,00,000
स्वयं की पूंजी (Own Money)₹3,00,000
बैंक लोन (Bank Loan)₹12,00,000
सरकार की सब्सिडी₹15,00,000 (50% Subsidy)

📌 यह प्रोजेक्ट छोटे/मध्यम स्तर के व्यवसायियों के लिए उपयुक्त है। सब्सिडी का उपयोग शेड निर्माण, पशु खरीद, चारा, दवा और अन्य बुनियादी ढांचे के लिए किया जा सकता है।

पात्रता मापदंड (Eligibility Criteria)

  • आवेदक भारतीय नागरिक होना चाहिए

  • न्यूनतम उम्र: 18 वर्ष

  • किसान, पशुपालक, युवा, महिला, FPOs, SHGs आवेदन कर सकते हैं

  • यदि भूमि स्वयं की नहीं है, तो लीज़ एग्रीमेंट होना चाहिए

  • प्रोजेक्ट के अनुरूप प्रशिक्षण प्रमाणपत्र होना लाभकारी है

आवश्यक दस्तावेज़

  • आधार कार्ड

  • पासपोर्ट साइज फोटो

  • निवास प्रमाण पत्र

  • बैंक पासबुक और IFSC कोड

  • प्रोजेक्ट रिपोर्ट

  • भूमि स्वामित्व पत्र / किराया अनुबंध

  • जाति प्रमाण पत्र (SC/ST के लिए)

  • प्रशिक्षण प्रमाणपत्र (यदि है)

सुअर पालन के लाभ

  • तेजी से बढ़ने वाली प्रजातियाँ – 6 से 8 महीने में बिक्री योग्य

  • कम निवेश, उच्च लाभ

  • गोबर से जैविक खाद और बायोगैस भी बनाई जा सकती है

  • पोर्क की मांग होटल्स, प्रोसेसिंग इंडस्ट्री में तेजी से बढ़ रही है

  • ग्रामीण क्षेत्रों में कम प्रतिस्पर्धा, इसलिए ज्यादा अवसर

  • बाजार में प्रति किलो ₹200-₹350 तक पोर्क की कीमत

आवेदन प्रक्रिया

  1. प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार करें (यूनिट साइज, लागत, लाभ, ट्रेनिंग विवरण आदि)।

  2. नजदीकी पशुपालन विभाग कार्यालय में संपर्क करें।

  3. बैंक से लोन मंजूरी लें (यदि लोन की आवश्यकता है)।

  4. अपने राज्य की NLM पोर्टल या ऑफलाइन कार्यालय के माध्यम से आवेदन करें।

  5. दस्तावेज़ अपलोड करें और आवेदन फॉर्म भरें।

  6. निरीक्षण के बाद सब्सिडी की स्वीकृति दी जाती है।

कौन-कौन से पिग फार्म मॉडल हैं?

  • ब्रीडिंग फार्म:

    • नर व मादा सुअरों की यूनिट

    • छोटे पिगलेट तैयार करने के लिए

  • फैटनिंग यूनिट (Fattening Unit):

    • पिगलेट्स को मोटा करके बाजार में बेचना

  • कमर्शियल पिग फार्मिंग:

    • पूरी यूनिट (Breeding + Fattening)

    • अधिक निवेश, अधिक लाभ

FAQs – अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

Q1: क्या सुअर पालन मुनाफे वाला व्यवसाय है?
✅ हां, एक मादा सुअर साल में 20–25 पिगलेट देती है और 6-8 महीने में हर पिगलेट ₹6,000 से ₹10,000 में बिकता है।

Q2: क्या सब्सिडी सीधे खाते में आती है?
✅ नहीं, पहले लोन पास होता है, फिर निवेश के बाद सब्सिडी रिलीज होती है।

Q3: क्या पहले से सुअर पालने वालों को योजना का लाभ मिल सकता है?
✅ यदि पहले कभी सब्सिडी नहीं ली है, तो आप पात्र हैं।

Q4: क्या किराए की जमीन पर फार्म चलाया जा सकता है?
✅ हां, लेकिन वैध रजिस्टर्ड लीज एग्रीमेंट जरूरी है।

संपर्क और सहायता

योजना की विस्तृत जानकारी के लिए:
🌐 आधिकारिक वेबसाइट: http://dahd.nic.in
📍 अपने ज़िले के पशुपालन विभाग कार्यालय या Chief Veterinary Officer से संपर्क करें।

निष्कर्ष

NLM सुअर पालन योजना 2025 उन सभी लोगों के लिए सुनहरा मौका है, जो पशुपालन के क्षेत्र में एक लाभदायक और स्थायी व्यवसाय की तलाश में हैं। सरकार की ओर से दी जाने वाली 50% तक की सब्सिडी, प्रशिक्षण, और तकनीकी सहायता इस योजना को एक बेहतरीन अवसर बनाती है।

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